Saturday 10 October 2015

सुबह की लार











सुबह की लार 

सुबह जब हम सो कर उठते है उस समय जो हमारे मुहं की लार होती है उसके अनेक फायदे है इसे बासी मुंह की लार भी कहते है । सुबह की लार का पूरा फायदा उठाने के लिए हमें बिना मुहं धोये ही उसका उपयोग करना पडेगा। 

सुबह की लार का निम्‍न बीमारियों को दूर करने के लिए उपयोग करते है:-

1 - चर्म रोग - किसी भी प्रकार का दाद हो , उस पर सुबह उठकर बिना मुहं धोये मुहं का लार लगाने से पुराने से पुराना दाद भी ठीक हो जाता है । इसके अलावा एक्जिमा, अन्‍य फोडे फुन्‍सी,मुहासे ठीक करने में भी सुबह की लार का उपयोग किया जाता है।

2 - घाव ठीक करने में :- शरीर में कही कट छिल गया हो, अथवा कोई घाव हो गया हो तो भी उसके लिए सुबह की लार बहुत फायदा करती है।

3- नेत्र रोग मे - आजकल बच्‍चों तक को चश्‍मा लगना आम बात है। इस चश्‍में को उतारने में भी सुबह की बिना मुहं धोये की लार यदि आखों में काजल की तरह लगाया जाये तो चश्‍में कुछ ही महीने में उतर सकता है। बच्‍चों के चश्‍में चार से छ:माह में ही उतर जाते है बडों काे थोडा लम्‍बा टाइम लगभग एक साल भी लग सकता है।

4- शरीर के दा्ग धब्‍ब्‍ाों में - श्‍ारीर में होने वाले फोडे-फुन्सियों या घाव के पश्‍चात जो दाग शेष रह जाते है उनकोे दूर करने के ि‍लए भी सुबह की लार बहुत काम आती है ।

इस प्रकार सुबह की अथवा बासी मुहं की लार से हम मुफत में कई बीमारियों का इलाज कर सकते है। इसके पीछे वैज्ञानिक कारण यह है कि इस लार में वो सभी 18 तत्‍व पाये जाते है जो कि मिटटी में पाए जाते है

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